Bookmark and Share
भाजपा संसदीय बोर्ड से वाजपेयी, आडवाणी और जोशी बाहर Print
User Rating: / 0
PoorBest 
Wednesday, 27 August 2014 08:53


 जनसत्ता ब्यूरो

नई दिल्ली। भाजपा के नए नेतृत्व ने युवाओं को काम और बूढ़ों को मान-सम्मान की नीति पर चलते हुए पार्टी में निर्णय करने वाले शीर्ष निकाय संसदीय बोर्ड में पार्टी के संस्थापक रहे अटल बिहरी वाजपेयी, लालकृष्ण आडवाणी और मुरली मनोहर जोशी को घर बैठा दिया है। 

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का प्रभाव दर्शाने वाले पार्टी में बदलाव के इस दौर में वाजपेयी, आडवाणी और जोशी को पांच सदस्यीय नवगठित ‘मार्गदर्शक मंडल’ में स्थान दिया गया है। वाजपेयी, आडवाणी और जोशी का करीब चार दशक तक पार्टी से जुड़ाव रहा है। तीन बार मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री बनने वाले शिवराज सिंह चौहान और पार्टी के महासचिव जेपी नड्डा को भाजपा संसदीय बोर्ड में जगह दी गई है। संसदीय बोर्ड का पुनर्गठन पार्टी के नए अध्यक्ष अमित शाह ने किया है। दोनों को भाजपा केंद्रीय चुनाव समिति में भी शामिल किया गया है, जो चुनाव में पार्टी उम्मीदवार के संबंध में फैसले लेती है। 

भाजपा के 12 सदस्यीय संसदीय बोर्ड की अध्यक्षता अमित शाह करेंगे। इसके सदस्यों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राजनाथ सिंह, अरुण जेटली, सुषमा स्वराज, वेंकैया नायडू, नितिन गडकरी, अनंत कुमार, थावरचंद गहलोत, शिवराज सिंह चौहान, जेपी नड्डा और रामलाल शामिल हैं। अमित शाह ने पार्टी के वरिष्ठ नेताओं व


प्रधानमंत्री मोदी से विचार-विमर्श करने के बाद इस बदलाव की पहल की। भाजपा मार्गदर्शक मंडल में मोदी और राजनाथ सिंह का नाम भी शामिल है। खराब स्वास्थ्य के कारण वाजपेयी करीब एक दशक से सार्वजनिक जीवन से दूर हैं। हालांकि उन्हें राजग का अध्यक्ष बनाए रखा गया है। मोदी युग से पहले आडवाणी राजग के कार्यकारी अध्यक्ष थे। 

भाजपा की केंद्रीय चुनाव समिति का भी पुनर्गठन किया गया है। उत्तर प्रदेश के तेजतर्रार नेता विजय कटियार इसमें शामिल नहीं किए गए हैं। भाजपा की महिला मोर्चा की पूर्व अध्यक्ष सरोज पांडे जो इस समिति की पदेन सदस्य थी, उनके स्थान पर महिला मोर्चा की नई प्रमुख विजया राहाटकर को स्थान दिया गया है। इस 15 सदस्यीय निकाय में आदिवासी मामलों के मंत्री जुआल ओराम को स्थान दिया गया है।  इस समिति के अन्य सदस्यों में नरेंद्र मोदी, राजनाथ सिंह, अरुण जेटली, सुषमा स्वराज, वेंकैया नायडू, नितिन गडकरी, अनंत कुमार, थावरचंद गहलोत, शिवराज सिंह चौहान, जेपी नड्डा, रामलाल, शाहनवाज हुसैन के नाम शामिल हैं। 

आपके विचार